आज के समय में सबसे ज़्यादा लोग कमर दर्द, पीठ दर्द, मोटापा व पेट से जुडी समस्याओं से परेशान है। इसकी सबसे बड़ी वजह अनुचित आहार, गलत तरीके से बैठना, गलत समय पर सोना आदि है। इन समस्याओं से बचने के लिए अगर आप रोजाना योग और व्यायाम करें। तो इसके नियमित अभ्यास से न केवल आप रोग मुक्त रहेंगें। बल्कि अच्छी सेहत के साथ साथ दमकती हुई त्वचा के मालिक भी बन जाएंगे। इसीलिए आज भी आपको मकरासन करने की विधि और इसके लाभ के बारे में बताने जा रहे हैं, जिसे नियमित अभ्यास करके स्वस्थ सेहत पाइए…

मकरासन योगासन

मकरासन

इस करते हुए शरीर पानी में तैरते हुए मगर के समान प्रतीत होता है। इसीलिए इसे मकरासन के नाम से जाना जाता है। इसमें पेट के बल लेट कर पूरे शरीर को पांव के पंजों तथा हाथ की हथेलियों पर टिका देते हैं। इसके अभ्यास से कमर दर्द और पीठ की मांसपेशियों का दर्द दूर हो जाता है। इस आसन का अभ्यास सभी उम्र के लोग कर सकते हैं। सुबह के समय खाली पेट इसका अभ्यास करना अच्छा होता है।

मकरासन की विधि और लाभ

– सबसे पहले चादर या चटाई बिछा लें।
– फिर पेट के बल लेट जाइए।
– अब कोहनियों को जमीन पर रखें।
– फिर कोहनियों के सहारे सिर व कंधों को उठाएं।
– अब अपनी हथेलियों पर अपनी ठुड्डी को टिका दें।
– गर्दन और कमर पर दबाव की अधिकता को कम करने के लिए कोहनियों को थोड़ा फैला लें।

मकरासन के लाभ

– यह एक सरल आसन है इसके नियमित अभ्यास से अनिद्रा की समस्या, पीठ दर्द, उच्च रक्तचाप, अस्थमा, स्लिप डिस्क, गर्दन दर्द, कमर दर्द की समस्याएं दूर होती है।

– इसके नियमित अभ्यास से दिमागी तनाव कम होता है और मानसिक सुकून मिलता है।

– यह करने से पाचन तंत्र ठीक रहता है और शरीर में रक्त का संचार अच्छे से होता है।

– इस आसन के अभ्यास से आप सर्दी, ज़ुखाम व खांसी से बचे रहते हैं।

– जो लोग मोटापे से परेशान है वे लोग नियमित इस आसन का अभ्यास करें।

– इस आसन को करने से शरीर के विषाक्‍त पदार्थ दूर हो जाते हैं।

मकरासन करने में सावधानी

– हर्निया के रोगी को मकरासन का अभ्यास नहीं करना चाहिए।

– इस आसन का अभ्यास करते समय असुविधा होने पर इस आसन को न करें।

– इस आसन को करते समय किसी भी तरह की समस्या होने पर किसी एक्सपर्ट की सलाह अवश्य लें।