अगर आप माँ बनने वाली है तो ज़रूरी है कि आप अपने भोजन में अधिक मात्रा में दही, पनीर, दूध, हरी पत्तेदार सब्ज़ियां, सलाद, दालें आदि का अधिक मात्रा में सेवन करें। ताकि आपके साथ साथ आपके होने वाले बच्चे को भी उचित पोषक तत्व प्राप्त हो सकें। लेकिन जब गर्भावस्था के समय महिलाएं अपने खान पान पर ध्यान नहीं देती हैं तो उनके शरीर में उचित पोषक तत्वों की कमी होने लगती है। जबकि गर्भावस्था में शिशु को उचित विकास के लिए सभी पोषक तत्वों की उचित मात्रा में ज़रूरत होती है। इसके अलावा गर्भावस्था के समय शिशु के विकास के लिए मांसपेशियों में खिंचाव होता है। उचित पोषक तत्वों की कमी तथा मांसपेशियों में होने वाले खिंचाव के कारण गर्भावस्था में ऐंठन होने लगती है।

गर्भावस्था में ऐंठन के उपाय

डॉक्टरों के अनुसार अधिकतर महिलाओं को गर्भावस्था के आख़िरी के तीन महीनों में मांसपेशियों में ऐंठन महसूस होती है। मांसपेशियों की ऐंठन को कम करने के लिए पैरों को घुटनों और जोड़ों से कई बार मोड़ने का प्रयास करना चाहिए। इससे पैरों के जोड़ों से मांसपेशियों तक का पूर्ण व्यायाम हो जाता है। इसके अलावा एड़ियों के बल चलना, पंजों के बल चलना तथा थोड़ा टहलना लाभकारी होता है। आज हम भी आपको गर्भावस्था के दौरान गर्भाशय की मांसपेशियों में खिंचाव के कारण होने वाले ऐंठन को कम करने के लिए कुछ खाद्य पदार्थों के बारे में बताने जा रहे हैं जो गर्भावस्था में आने वाले ऐंठन को कम करने में सहायक होते हैं…

गर्भावस्था में ऐंठन को दूर करने के लिए आहार

1. पालक

गर्भावस्था के समय महिलाएं पालक व हरी पत्तेदार सब्ज़ियों का सेवन ज़रूर करें। इसके सेवन से आपके शरीर को आयरन अधिक मात्रा में प्राप्त होगा। जिससे गर्भावस्था के समय में पैरों में होने वाली ऐंठन कम हो जाती है।

2. दूध

दूध को सम्पूर्ण भोजन माना जाता है और इसको पीने से गर्भवती महिला को सम्पूर्ण पोषक तत्व प्राप्त होता है। जिससे गर्भवती महिलाओं को ऐंठन कम होता है। यह बच्चा और माँ दोनों की अच्छी सेहत के लिए बहुत ज़रूरी होता है। इसीलिए गर्भवती महिला इसको पीना न भूलें।

3. ग्रीन टी

जिन गर्भवती महिलाओं को गर्भावस्था के समय में ऐंठन की समस्या होती हो उन्हें ग्रीन टी का सेवन करना चाहिए क्योंकि ग्रीन टी में प्रचुर मात्रा में एंटी-ऑक्सीडेंट्स तत्व पाए जाते हैं जो गर्भवती महिला के शरीर को बीमारियों से लड़ने की ताकत प्रदान करते हैं साथ ही ऐंठन को भी कम करते हैं।

4. एवोकेडो

एवोकेडो में एंटी-ऑक्सीडेन्ट और ओमेगा-3 फैटी एसिड पाया जाता है जो गर्भाशय के विकास में मदद करता है और गर्भावस्था के समय में होने वाली ऐंठन को भी कम करता है।

5. फल

गर्भावस्था के समय फलों का सेवन भी करना चाहिए। अलग अलग तरह के फलों का सेवन शरीर को पोषक तत्व प्रदान करता है और गर्भाशय के विकास में भी मदद करता है। इनको खाने से मांसपेशियों में होने वाली ऐंठन भी कम होती है।

6. डार्क चॉकलेट

डार्क चॉकलेट का सेवन मूड चेंज करने में सहायक है। साथ ही गर्भवती महिलाओं के मांसपेशियों में होने वाले खिंचाव के कारण उठने वाले दर्द को भी कम करता है।

7. अंडा

अंडे में प्रोटीन और कुछ अन्य तत्व पाए जाते हैं जो गर्भवती महिला में गर्भाशय को संकुचित करने वाले हार्मोन्स को संतुलित करते हैं और इस प्रकार मांसपेशियों में होने वाली ऐंठन से आराम मिलती है।

8. दाल

दालें कई सारे पोषक तत्वों से भरपूर होती है इसीलिए गर्भवती महिला को रोजाना थोड़ी दाल का सेवन ज़रूर करना चाहिए। इसके सेवन से खिंचाव के कारण होने वाली ऐंठन से राहत मिलती है।

गर्भावस्था में ऐंठन को कम करने वाले आहार को अपनाने के साथ साथ डॉक्टर की सलाह भी ज़रूर लें।